परमा एकादशी 2026 कब है? जानें व्रत तिथि, शुभ मुहूर्त, पारण समय, पूजा विधि और धार्मिक महत्व
परमा एकादशी 2026 12 जून को मनाई जाएगी। जानें परमा एकादशी व्रत की तिथि, शुभ मुहूर्त, पारण समय, पूजा विधि, धार्मिक महत्व और भगवान विष्णु की कृपा प्राप्त करने के उपाय।
परमा एकादशी 2026: अधिक मास में कब है परमा एकादशी? जानें शुभ मुहूर्त, पारण समय और पूजा विधि
Parama Ekadashi 2026: हिंदू धर्म में एकादशी व्रत का विशेष महत्व माना जाता है। अधिक मास (पुरुषोत्तम मास) में आने वाली कृष्ण पक्ष की एकादशी को परमा एकादशी कहा जाता है। यह व्रत भगवान भगवान विष्णु को समर्पित माना जाता है।
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार परमा एकादशी का व्रत करने से पापों से मुक्ति, सुख-समृद्धि और भगवान विष्णु की कृपा प्राप्त हो सकती है। अधिक मास में पड़ने के कारण इस एकादशी का महत्व और भी अधिक माना जाता है।
परमा एकादशी 2026 कब है?
परमा एकादशी व्रत: 12 जून 2026, शुक्रवार
एकादशी तिथि प्रारंभ: 11 जून 2026 रात्रि
एकादशी तिथि समाप्त: 12 जून 2026 रात्रि
उदया तिथि के अनुसार परमा एकादशी का व्रत 12 जून 2026 को रखा जाएगा।
परमा एकादशी 2026 शुभ मुहूर्त
ब्रह्म मुहूर्त में उठकर स्नान और पूजा करना शुभ माना जाता है।
दिनभर भगवान विष्णु की आराधना और मंत्र जाप किया जा सकता है।
पारण समय
पारण तिथि: 13 जून 2026
पारण समय: प्रातःकाल द्वादशी तिथि में
द्वादशी तिथि में नियमपूर्वक पारण करना शुभ माना जाता है।
परमा एकादशी का धार्मिक महत्व
सनातन धर्म में परमा एकादशी को अत्यंत शुभ और कल्याणकारी माना गया है। पुराणों के अनुसार इस व्रत का पालन करने से हजारों यज्ञों, तीर्थ यात्राओं और दानों के समान पुण्य फल प्राप्त होता है। माना जाता है कि जो भक्त इस दिन विधि-विधान से भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी की पूजा करते हैं, उनके जीवन में धन, वैभव और सुख-शांति का वास होता है। धार्मिक मान्यता है कि इस दिन उपवास रखने, विष्णु सहस्रनाम का पाठ करने, श्रीहरि का भजन-कीर्तन करने और जरूरतमंदों को दान देने से अक्षय पुण्य की प्राप्ति होती है।