एकदंत संकष्टी चतुर्थी 2026: स्वास्थ्य और धन बढ़ाने के लिए करें ये प्रभावी उपाय
एकदंत संकष्टी चतुर्थी 2026 कब है? जानें तिथि, शुभ योग, पूजा विधि और धन-स्वास्थ्य बढ़ाने वाले खास उपाय। गणेश जी की कृपा पाने के लिए पढ़ें पूरी जानकारी।

एकदंत संकष्टी चतुर्थी 2026: स्वास्थ्य और धन बढ़ाने के लिए करें ये उपाय
Ekdant Sankashti Chaturthi Upay 2026: हिंदू धर्म में संकष्टी चतुर्थी का व्रत भगवान गणेश को समर्पित होता है। इस दिन विशेष रूप से “एकदंत” स्वरूप की पूजा करने से जीवन के संकट दूर होते हैं और सुख-समृद्धि प्राप्त होती है। मान्यता है कि इस दिन किए गए उपाय स्वास्थ्य, धन और सफलता में वृद्धि करते हैं।
संकष्टी चतुर्थी मई, 2026 तिथि समय
संकष्टी चतुर्थी तिथि का प्रारंभ- 05 मई, प्रातः 5:24 से
संकष्टी चतुर्थी तिथि का अंत- 06 मई, प्रातः 7:51 तक
2 शुभ योग में एकदंत संकष्टी चतुर्थी
पंचांग के मुताबिक 5 मई को एकदंत संकष्टी चतुर्थी के दिन 2 शुभ योग बन रहे हैं। आपको बता दें कि शिव योग प्रात:कल से लेकर 6 मई को 12:17 ए एम तक रहेगा। वहीं उसके बाद से सिद्ध योग बनेगा।
धन-समृद्धि के लिए करें ये उपाय
गणेश जी को दूर्वा और मोदक अर्पित करें
भगवान गणेश को दूर्वा (घास) और मोदक अत्यंत प्रिय हैं। इस दिन 21 दूर्वा और मोदक अर्पित करने से आर्थिक स्थिति मजबूत होने की मान्यता है।
इस मंत्र का जाप करें
संकष्टी चतुर्थी के दिन ॐ गं गणपतये नमः’ मंत्र का कम से कम 108 बार जाप करें। इससे नकारात्मक ऊर्जा दूर होती है और धन लाभ के योग बनते हैं।
चंद्रमा को अर्घ्य दें
संकष्टी चतुर्थी का व्रत चंद्र दर्शन के बाद ही पूर्ण होता है। चंद्रमा को अर्घ्य देने से मानसिक शांति और समृद्धि की प्राप्ति हो सकती है
गरीबों को दान करें
इस दिन जरूरतमंदों को भोजन, वस्त्र या धन का दान करना बेहद शुभ माना जाता है। इससे पुण्य फल मिलता है और आर्थिक बाधाएं दूर होती हैं।
घर के मुख्य द्वार पर स्वास्तिक बनाएं
लाल रंग या रोली से घर के मुख्य द्वार पर स्वास्तिक बनाना शुभता और सकारात्मक ऊर्जा को आकर्षित करता है।

