2 October 2026 Panchang: षष्ठी तिथि, मृगशिरा नक्षत्र और राहुकाल, जानें आज का शुभ मुहूर्त
2 October 2026 Panchang: 2 अक्टूबर 2026 शुक्रवार को आश्विन कृष्ण पक्ष की षष्ठी तिथि रहेगी। जानें मृगशिरा नक्षत्र, व्यतीपात योग, राहुकाल, अभिजीत मुहूर्त, सूर्योदय-सूर्यास्त और पितृपक्ष से जुड़े धार्मिक कार्य।
2 अक्टूबर 2026 का पंचांग: जानें षष्ठी तिथि, मृगशिरा नक्षत्र, राहुकाल और शुभ मुहूर्त
Aaj Ka Panchang 2 October 2026: आज शुक्रवार का दिन है और आश्विन मास के कृष्ण पक्ष की षष्ठी तिथि है। पंचांग के अनुसार आज चंद्रमा वृषभ राशि में रहेगा और मृगशिरा नक्षत्र का प्रभाव रहेगा। पितृपक्ष चल रहा है, इसलिए आज का दिन पितरों के स्मरण, तर्पण और श्रद्धा से जुड़े कार्यों के लिए भी महत्वपूर्ण माना जाता है।
आइए जानते हैं 2 अक्टूबर 2026 का विस्तृत पंचांग, जिसमें तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय-सूर्यास्त, चंद्रोदय, राहुकाल और शुभ मुहूर्त की पूरी जानकारी शामिल है।
2 अक्टूबर 2026 का पंचांग
दिन: शुक्रवार
तिथि: कृष्ण पक्ष षष्ठी, सुबह 10:15 बजे तक; इसके बाद सप्तमी
मास: आश्विन
पक्ष: कृष्ण पक्ष
नक्षत्र: मृगशिरा, रात 2:54 बजे तक; इसके बाद आर्द्रा
योग: व्यतीपात, शाम 6:17 बजे तक; इसके बाद वरीयान
करण: वणिज, सुबह 10:15 बजे तक; इसके बाद विष्टि
चंद्र राशि: वृषभ, दोपहर करीब 3:40 बजे तक; इसके बाद मिथुन
सूर्य राशि: कन्या
विक्रम संवत: 2083
शक संवत: 1948
2 अक्टूबर को सूर्योदय और सूर्यास्त का समय
नई दिल्ली में 2 अक्टूबर को सूर्य सुबह 6:14 बजे उदय होगा और शाम 6:06 बजे अस्त होगा। चंद्रमा का उदय रात करीब 10:19-10:20 बजे और चंद्रास्त दोपहर करीब 12:08 बजे होगा।
2 अक्टूबर 2026 का शुभ मुहूर्त
आज महत्वपूर्ण कार्यों के लिए अभिजीत मुहूर्त सुबह 11:46 बजे से दोपहर 12:34 बजे तक रहेगा। वहीं ब्रह्म मुहूर्त सुबह 4:37 बजे से 5:26 बजे तक रहेगा।
प्रमुख शुभ समय:
ब्रह्म मुहूर्त: 4:37 AM से 5:26 AM
अभिजीत मुहूर्त: 11:46 AM से 12:34 PM
प्रदोष काल: सूर्यास्त के बाद शाम का समय
2 अक्टूबर 2026 का राहुकाल
शुक्रवार को राहुकाल सुबह 10:41 बजे से दोपहर 12:10 बजे तक रहेगा। धार्मिक मान्यता के अनुसार इस अवधि में नए और शुभ कार्य शुरू करने से बचना चाहिए।
इसके अलावा:
गुलिक काल: सुबह 7:43 बजे से 9:12 बजे तक
यमगंड: दोपहर 3:08 बजे से 4:37 बजे तक
दुर्मुहूर्त: सुबह करीब 8:37 बजे से 9:25 बजे तक
मृगशिरा नक्षत्र का महत्व
2 अक्टूबर को सुबह से रात तक मृगशिरा नक्षत्र का प्रभाव रहेगा और इसके बाद आर्द्रा नक्षत्र शुरू होगा। मृगशिरा को जिज्ञासा, खोज और नई जानकारी से जोड़कर देखा जाता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार इस दौरान पूजा-पाठ, अध्ययन और आध्यात्मिक गतिविधियों में मन लगाना शुभ माना जाता है।
2 अक्टूबर को पितृपक्ष में क्या करें?
पितृपक्ष के दौरान पूर्वजों के प्रति श्रद्धा व्यक्त करने की परंपरा है। आज अपनी पारिवारिक परंपरा के अनुसार पितरों का स्मरण, तर्पण और दान-पुण्य किया जा सकता है।